नील क्रांति की अनूठी शुरुवात कर स्वरोजगार की दिशा में कदम बढ़ाए।

------------------- लक्ष्मण नेगी।
।जोशीमठ,04 दिसंबर।
उरगम घाटी 3 उद्यमियों ने शुरू किया नील क्रांति स्वरोजगार की अनूठी पहल शुरू की  है तीनों उद्यमी मिलकर के कमाते हैं लाखों रुपए ।उरगम घाटी के नोट गदेरा  के समीप अपनी नाप भूमि मे टैंक निर्मित किया है ।पैन खंडा क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत उरगम में  धर्मपाल, विक्रम ,महावीर ने 3 वर्ष पूर्व मत्स्य पालन विभाग चमोली के सहयोग से मत्स्य पालन का काम शुरू किया वह बताते हैं कि उन्हें चार लाख रुपए टैंक निर्माण के लिए मिले थे, इसी से पाउंड का काम शुरू किया, शुरुआती दौर में हम लोगों को नहीं लग रहा था  कि हम लोग इससे अच्छी आय प्राप्त करेंगे किंतु धीरे-धीरे मत्स्य पालन का काम जोर पकड़ता गया हम लोग  ।इस उद्यम को हम आगे बढ़ाने के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं
 इस काम के अलावा हम लोग मिस्त्री काम खेती किसानी का काम भी करते हैं सुबह शाम देख रेख करते हैं मत्स्य बीज मत्स्य पालन विभाग से मिलता है इस टीम के सदस्य विक्रम एवं महावीर बताते हैं कि प्रतिमाह हम लोगों को  तीस हजार रुपए का लाभ हो जाता है अन्य काश्तकारों को भी हम प्रेरित कर रहे है वह भी इसको एक उद्यमिता की तरह आगे बढ़ाएं वैसे तो हमारे क्षेत्र में इस तरह 10 तालाब बने हैं व्यापार की दृश्य लोग काम नहीं कर रहे हैं हम लोगों ने इसको आय का स्रोत बनाया हैं हमने अभी तक    मछली के विक्रय से 500000 से भी अधिक रुपया कमाया है वे बताते हैं कि वर्ष भर में हम लोग मनरेगा से भी प्रति परिवार ₹20000 रुपए कमा लेते हैं छोटी मोटी मिस्त्री एवं ठेकेदारी से भी अपनी आजीविका को चलाते हैं एक संयुक्त उपक्रम के सदस्य धर्मपाल बताते हैं कि हम लोगों को अच्छा लाभ मिल रहा है और हम अन्य लोगों को भी प्रेरित कर रहे हैं। इसी ग्रुप के साथी रंजीत गॉड कहते हैं कि थोड़ा बहुत हमको तकनीकी रूप से और जानकारी मिल जाए तो हम लोग नीली क्रांति को और आगे बढ़ा सकते हैं। 

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